दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला में आए भीषण भूकंप ने भारी तबाही मचा दी है। राजधानी कराकास समेत कई शहरों में इमारतें धराशायी हो गईं, सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं और संचार व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार मृतकों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जबकि हजारों लोगों के मलबे में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) ने भी बड़े पैमाने पर जनहानि की चेतावनी दी है।
बुधवार देर शाम वेनेजुएला में कुछ ही मिनटों के अंतराल पर 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए। भूकंप का केंद्र राजधानी कराकास से पश्चिम स्थित तटीय क्षेत्र के पास बताया गया है। झटके इतने तेज थे कि कई बहुमंजिला इमारतें ढह गईं और लोग जान बचाने के लिए सड़कों पर निकल आए।
7.2 और 7.5 तीव्रता के दो बड़े भूकंप
राजधानी कराकास में कई इमारतें ध्वस्त
हजारों मौतों की आशंका, राहत कार्य जारी
देशभर में आपातकाल घोषित
कई देशों ने सहायता की पेशकश की
वेनेजुएला की अंतरिम सरकार ने देश में आपातकाल घोषित कर दिया है। हवाई अड्डों, मेट्रो सेवाओं और कई सार्वजनिक सुविधाओं को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। बचाव दल मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए युद्धस्तर पर अभियान चला रहे हैं। लगातार आ रहे आफ्टरशॉक्स के कारण राहत कार्यों में भी कठिनाई हो रही है।
भारत ने इस प्राकृतिक आपदा पर गहरा दुख व्यक्त किया है और जरूरत पड़ने पर हर संभव मानवीय सहायता उपलब्ध कराने की बात कही है। सूत्रों के अनुसार भारत स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और राहत सामग्री तथा आपदा विशेषज्ञों की मदद भेजने की तैयारी रखे हुए है।
भूकंप के बाद कई इलाकों में बिजली और इंटरनेट सेवाएं ठप हो गई हैं। अस्पतालों में घायलों की भारी भीड़ है। कई परिवार अपने लापता परिजनों की तलाश में राहत शिविरों और अस्पतालों के चक्कर लगा रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि वास्तविक नुकसान का आंकलन आने वाले दिनों में ही संभव हो सकेगा।
हालांकि आधिकारिक तौर पर सीमित मौतों की पुष्टि हुई है, लेकिन अमेरिकी एजेंसियों और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि जनहानि का आंकड़ा बहुत बड़ा हो सकता है। कई क्षेत्रों से संपर्क टूटने के कारण सटीक जानकारी सामने आने में समय लग रहा है।
वेनेजुएला इस समय अपने इतिहास की सबसे बड़ी प्राकृतिक आपदाओं में से एक का सामना कर रहा है। राहत एवं बचाव कार्य जारी हैं और पूरी दुनिया की नजरें अब वहां से आने वाली आधिकारिक जानकारी पर टिकी हुई हैं। स्थिति लगातार बदल रही है और मृतकों तथा घायलों की संख्या बढ़ने की आशंका बनी हुई है।
Read Also: आगरा में युवक की मौत पर भड़का गुस्सा, तीन घंटे तक चला बवाल; 11 पुलिसकर्मी घायल